Breaking
9 Jun 2026, Tue

वीडियो, वसूली और ‘जिया’ कनेक्शन! बिलासपुर में आरक्षक को ब्लैकमेल करने की साजिश का पर्दाफाश, पुलिस ने रितेश मिश्रा, अनुज श्रीवास्तव, सोनू ठाकुर और जिया खान को बनाया नामजद आरोपी, एक्सटॉर्शन केस से शहर में मचा हड़कंप…

बिलासपुर,,, बिलासपुर एक साल पुराने वीडियो को हथियार बनाकर पुलिस आरक्षक से कथित रूप से अवैध वसूली करने के मामले में सिविल लाइन पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए चार लोगों के खिलाफ भयादोहन (एक्सटॉर्शन) का अपराध दर्ज किया है! आरोपियों में सिरगिट्टी थाने का आरक्षक रितेश मिश्रा, चाय ठेला संचालक सोनू ठाकुर, अनुज श्रीवास्तव और जिया खान के नाम शामिल हैं! मामला सामने आने के बाद पुलिस महकमे में भी हलचल मच गई है!
जांच में खुलासा हुआ है! कि करीब एक वर्ष पूर्व रात्रि गश्त के बाद थाना परिसर स्थित बैरक में आराम कर रहे आरक्षक मनोज साहू के पास शराब की बोतल रखकर उसका वीडियो और फोटो बनाया गया था…आरोप है! कि इस पूरे घटनाक्रम का मुख्य सूत्रधार आरक्षक रितेश मिश्रा था… जिसने वीडियो को अपने पास सुरक्षित रखा और बाद में उसे वायरल करने तथा विभागीय कार्रवाई कराने की धमकी देकर दबाव बनाने की साजिश रची…मामला तब चर्चा में आया जब वीडियो को हालिया घटना बताकर सोशल मीडिया में वायरल करने और विभागीय कार्रवाई कराने की धमकी के जरिए पैसे मांगने से जुड़ा कथित ऑडियो सामने आया…जांच में यह भी सामने आया कि आरक्षक मनोज साहू से मोटी रकम वसूलने का प्रयास किया गया था… इस प्रकरण में नामजद अनुज श्रीवास्तव पहले भी विवादों में रह चुका है! उस पर पूर्व में एक होटल के बार संचालक से तीन लाख रुपये की मांग करने का आरोप लगा था… हालांकि उस मामले में कथित तौर पर माफी मांगने के बाद होटल संचालक ने आगे कार्रवाई नहीं की थी… अब एक बार फिर उसका नाम ब्लैकमेलिंग और भयादोहन के गंभीर आरोपों में सामने आया है!
वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक रजनेश सिंह के निर्देश पर हुई जांच के बाद सिविल लाइन पुलिस ने चारों आरोपियों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर ली है! नगर पुलिस अधीक्षक निमितेश सिंह ने बताया कि मामले की जांच जारी है! और जांच में सामने आने वाले तथ्यों के आधार पर आगे वैधानिक कार्रवाई की जाएगी,सूत्रों के अनुसार, कुछ समय पहले अनुज श्रीवास्तव ने अपने साथ हुई… मारपीट की शिकायत भी सिविल लाइन थाने में दर्ज कराई थी… वहीं यह भी चर्चा है! कि उसका कथित रूप से जुआ फड़ संचालकों से संपर्क रहा है! और वह उन्हें संरक्षण दिलाने का दावा कर उनसे रकम वसूलता था… हालांकि इन आरोपों की आधिकारिक पुष्टि पुलिस जांच के बाद ही हो सकेगी, फिलहाल भयादोहन के इस मामले ने शहर में चर्चाओं का बाजार गर्म कर दिया है!

Author Profile

प्रधान संपादक -हरबंश सिंह होरा
Latest entries

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

You Missed