
बिलासपुर,,,, साइबर थाना पुलिस ने ऑनलाइन निवेश के नाम पर 59 लाख 87 हजार 994 रुपये की धोखाधड़ी करने वाले अंतरराज्यीय गिरोह का भंडाफोड़ किया है! इस मामले में पुलिस ने गिरोह के चार मुख्य आरोपियों को मध्यप्रदेश के इंदौर जिले के महू से गिरफ्तार किया है! पकड़े गए आरोपियों में ललीत कुमार, बबलू उर्फ कमलजीत सिंह चौहान, अर्पित साल्वे और रोहित निषाद शामिल हैं!
मुख्य आरोपी ललीत कुमार एनआईआईटी दिल्ली से सॉफ्टवेयर इंजीनियरिंग की पढ़ाई कर चुका है! और एक नामी ऑनलाइन शॉपिंग कंपनी में बतौर मैनेजर काम कर चुका है! उसने अपने तकनीकी ज्ञान का दुरुपयोग कर गिरोह के अन्य साथियों के साथ मिलकर “गणेशम सिक्योरिटी” नाम की फर्जी एजेंसी बनाई और लोगों को शेयर एवं गोल्ड में निवेश के नाम पर अधिक मुनाफा देने का झांसा दिया!
आरोपियों ने शुरुआत में नकली लाभांश दिखाकर निवेशकों का विश्वास जीता और फिर धीरे-धीरे लाखों रुपये हड़प लिए। ये गिरोह फर्जी वेबसाइट और मोबाइल ऐप के जरिए लोगों को अपने जाल में फंसाते थे। इस पूरे फर्जीवाड़े में इस्तेमाल किए गए 4 मोबाइल फोन, 8 एटीएम कार्ड, 2 पैन कार्ड, चेकबुक और पासबुक पुलिस ने जब्त कर लिए हैं।
पुलिस टीम को आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए तीन दिन तक महू में निगरानी रखनी पड़ी। सभी आरोपियों को ट्रांजिट रिमांड पर न्यायालय में पेश किया गया है।
यह कार्रवाई आईजी संजीव शुक्ला और एसएसपी रजनेश सिंह के निर्देशन में की गई। इसमें एएसपी राजेंद्र जायसवाल, एएसपी अनुज कुमार, सीएसपी निमितेश सिंह, और साइबर थाना प्रभारी राजेश मिश्रा व उनकी टीम की अहम भूमिका रही।
पुलिस ने आमजन से अपील की है कि किसी भी अनजान कॉल, लिंक या निवेश के प्रलोभन में न आएं और सतर्क रहें।
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