
00 स्वास्थ्य मंत्री ने बचाव की मुद्रा में दिया जवाब…
00 कहा भुगतान रूकने के कारण डायलिसिस और 7 बार पत्र भेजने के बाद भी आयुष्मान योजना शुरू न करने जाहिर की विवशता…
बिलासपुर,,, छत्तीसगढ़ विधानसभा में फिर बिलासपुर के अपोलो हॉस्पिटल प्रबंधन द्वारा शासकीय योजना के तहत भुगतान न होने के कारण डायलिसिस सुविधा बंद करने और इसके कारण किडनी फेल्योर से पीड़ित मरीजों को हो रही परेशानियों का मुद्दा छाया रहा है!इसके चलते स्वास्थ्य मंत्री को सदन में सफाई देते हुए अपोलो का बचाव करना पड़ा…
कोटा विधायक अटल श्रीवास्तव ने विधानसभा मे मुद्दा उठाते हुए कहा कि लंबे समय से भुगतान न होने के कारण अपोलो प्रबंधन द्वारा पीड़ितो की डायलिसिस ही रोक दी गई… इससे पीड़ित मरीजों को परेशानी हो रही है! मरीजों और उनके परिजनों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है! किडनी फेल्योर के मरीजों को सप्ताह में दो से तीन बार डायलिसिस कराना पड़ता है! निजी अस्पतालों में एक सत्र का खर्च हजारों रुपए तक आता है! ऐसे में आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों पर अचानक अतिरिक्त आर्थिक बोझ बढ़ गया है! अपोलो अस्पताल प्रबंधन ने लगातार भुगतान लंबित रहने के कारण योजना के तहत डायलिसिस सेवा बंद करने की जानकारी मरीजों के परिजनों को भी देने की बात कही है!
इधर यहां योजना के भरोसे इलाज करा रहे लोगो को अचानक डायलिसिस बंद करने के कारण मजबूरन अपने परिवार का पेट काट निजी खर्च पर डायलिसिस कराना पड़ रहा है!
स्वास्थ्य मंत्री श्याम बिहारी जायसवाल ने सदन को अवगत कराया कि अपोलो अस्पताल में पहले एमवीएसएसवाय योजना के तहत संजीवनी सहायता कोष से वर्ष 2018 से 2020 तक डायलिसिस सुविधा प्रदान की जा रही थी। उन्होंने यह भी बताया कि वर्तमान में इस योजना के तहत 62 मरीज नियमित रूप से डायलिसिस करा रहे थे। कुछ प्रकरणों में अस्पताल प्रबंधन को भुगतान न होने के कारण अपोलो अस्पताल ने इस योजना के तहत डायलिसिस ही बंद कर दिया है! इतना ही नही उन्होंने यह भी कहा कि शासन द्वारा इस योजना के तहत मरीजों के उपचार के लिए जिले के सरकारी और पंजीकृत निजी अस्पतालों में सिम्स मेडिकल कॉलेज, जिला अस्पताल, श्रीराम केयर हॉस्पिटल, मार्क हॉस्पिटल, सनशाइन हॉस्पिटल, आरबी हॉस्पिटल, श्री कृष्णा हॉस्पिटल, श्री मंगला हॉस्पिटल, आराध्या हॉस्पिटल, न्यू वंदना हॉस्पिटल, शिवा मेडिसिटी हॉस्पिटल और अरपा मेडिसिटी हॉस्पिटल में निःशुल्क डायलिसिस की व्यवस्था करने की बात कही।
आयुष्मान योजना को लेकर फिर उठे सवाल, मंत्री ने जताई विवशता...
विधानसभा में बेलतरा विधायक सुशांत शुक्ला ने भी अपोलो में आयुष्मान योजना लागू नहीं होने का मुद्दा भी उठाया। इस पर स्वास्थ्य मंत्री श्याम बिहारी जायसवाल ने बताया कि वर्ष 2021 से 2026 के बीच अपोलो प्रबंधन को सात बार पत्र लिखे गए हैं। उन्होंने कहा कि अस्पताल प्रबंधन द्वारा राष्ट्रीय स्वास्थ्य प्राधिकरण के पोर्टल पर ऑनलाइन आवेदन करने के बाद ही उसे आयुष्मान योजना में शामिल किया जा सकेगा। जबकि बिलासपुर के पूर्व व वर्तमान सीएमएचओ भी कई बार अपोलो को पत्र भेज चुके है।
Author Profile
Latest entries
Uncategorized2026.07.27मक्कार’ टिप्पणी बंधु मौर्य पर पड़ी भारी! भड़के निगम अभियंताओं ने खोला मोर्चा, मेयर-आयुक्त-कलेक्टर को सौंपा 6 सूत्रीय ज्ञापन, सार्वजनिक माफी और कार्रवाई की मांग से गरमाई सियासत..
Uncategorized2026.07.27करेले खरीदने गया था, मौत बनकर निकला जहरीला साँप सब्जी के ढेर में छिपे नाग ने युवक को डसा, नेहरू नगर सब्जी बाजार में मची भगदड़, गंभीर हालत में अस्पताल में भर्ती….
Uncategorized2026.07.27शादी का झांसा देकर दुष्कर्म, दूसरी शादी के बाद हुआ फरार, ससुराल के छज्जे में छिपा बैठा था आरोपी, सिरगिट्टी पुलिस ने घेराबंदी कर दबोचा, अब सलाखों के पीछे ‘राजा….
Uncategorized2026.07.261,877 फर्जी नामों के साए में फिर खुलीं राशन दुकानें! बहाली पर बवाल, नियम ताक पर रखने के आरोप; RRC कार्रवाई अधूरी होने के बावजूद दोबारा संचालन की अनुमति से खाद्य विभाग की कार्यप्रणाली और पारदर्शिता पर उठे बड़े सवाल….
