
बिलासपुर,,, तत्कालीन कांग्रेस शासनकाल से लेकर सत्ता परिवर्तन के बाद दिसम्बर के पहले सप्ताह तक स्लम बस्तियों की लाइफलाइन कहलाने वाली स्लम स्वास्थ्य योजना की बसें 8 करोड़ के कबाड ग़ंज में तब्दील कोनी के सिटी बस टर्मिनल डिपो में कबाड़ बसों के बीच खड़ी है! उधर दूसरी ओर झुग्गी बस्तियों के लोग अपने मर्ज का उपचार कराने चलित चिकित्सा बसों की बॉट जोह रहे है! मंत्री कह रहे एग्रीमेन्ट हो गया पर नोडल अधिकारी है! कि जवाब तक नही दे पा रहे है!


एग्रीमेंट खत्म होने के कारण योजना की बसें कोनी के सिटी बस टर्मिनल डिपो में खड़ी कर दी गई है! उपमुख्यमंत्री अरुण साव ने मंगलवार रात एग्रीमेंट पर साइन कर इसे फिर से मंजूरी देने का दावा किया था…! पर ये बसे अब भी कबाड़ सिटी बसों के बीच 8 करोड़ के कोनी सिटी बस टर्मिनल डिपो में खड़ी है!

उपमुख्यमंत्री के स्लम स्वास्थ्य योजना को फिर से मंजूरी देने की खबर से स्वास्थ्य स्लम योजना की चलित चिकित्सा बसो के जल्द ही फिर से स्लम बस्तियों और हॉट बाज़ारो में दिखने की उम्मीद जगी थी झुग्गी बस्ती के रहवासी इलाज के लिए अब भी चलित चिकित्सा बसों की बाँट जोह रहे… इन चलित चिकित्सा बसों का संचालन करने वाली भोपाल की साईं टेक्नो फर्म एग्रीमेंट के बाद भी क्यो इसे फिर से शुरू नही कर रही ये समझ से परे है!
इस मामले में नगर निगम के भवन शाखा अधिकारी और स्लम स्वास्थ्य योजना के नोडल अधिकारी अनुपम तिवारी से चर्चा का प्रयास किया गया पर उनसे चर्चा नही हो सका…?
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